Edited By :- Shashi Kumar, Prime Time News Desk.
रांची :- झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) द्वारा आयोजित प्रारंभिक परीक्षा में कथित धांधली की जांच अब तेज हो गई है. मामले की जांच कर रही CID टीम हर पहलू को सावधानीपूर्वक परख रही है और परीक्षा में हुई संभावित गड़बड़ियों की कड़ियों को जोड़ने में जुटी है।
2204 सफल अभ्यर्थियों को नोटिस जारी
CID ने बड़ा कदम उठाते हुए प्रारंभिक परीक्षा में सफल घोषित किए गए सभी 2204 अभ्यर्थियों को नोटिस जारी कर उनकी OMR शीट की कार्बन कॉपी जमा करने को कहा है। नोटिस के बाद राजधानी रांची स्थित CID कार्यालय में अभ्यर्थियों का पहुंचना लगातार जारी है और वे अपनी कार्बन कॉपी जमा कर रहे हैं।
मूल OMR शीट से होगा मिलान
जांच टीम का मुख्य उद्देश्य परीक्षा प्रक्रिया की पारदर्शिता की जांच करना है. इसके लिए CID पहले ही JPSC कार्यालय से जब्त की गई मूल OMR शीट का अभ्यर्थियों के पास मौजूद कार्बन कॉपी से मिलान करेगी फॉरेंसिक और तकनीकी विशेषज्ञों की मदद से उत्तरों, रोल नंबर, हस्ताक्षर और अन्य विवरणों की बारीकी से जांच की जाएगी।
विसंगति मिलने पर होगी पूछताछ
CID एक-एक OMR शीट का गंभीरता से परीक्षण कर रही है। यदि मूल प्रति और कार्बन कॉपी में कोई अंतर, ओवरराइटिंग या छेड़छाड़ के संकेत मिलते हैं तो संबंधित अभ्यर्थी को तत्काल चिन्हित किया जाएगा। ऐसे मामलों में CID मुख्यालय की ओर से समन जारी कर आगे की पूछताछ की जाएगी।
सिंडिकेट में मचा हड़कंप
इस कार्रवाई के बाद परीक्षा में पैरवी या कथित सिंडिकेट के माध्यम से सफलता पाने वाले लोगों में हड़कंप की स्थिति बताई जा रही है। जांच एजेंसी का कहना है कि किसी भी स्तर पर हुई हेराफेरी को उजागर करने के लिए सभी दस्तावेजों की वैज्ञानिक तरीके से जांच की जा रही है।











