Edited By :- Shashi Kumar, Prime Time News Desk.
पाकुड़ :- पाकुड़ जिले में कथित अवैध लॉटरी का कारोबार एक बार फिर सुर्खियों में है। पाकुड़ से लेकर हिरणपुर और महेशपुर तक छपाई वाले लॉटरी टिकटों की बिक्री की शिकायतें सामने आने के बाद पुलिस प्रशासन की कार्रवाई पर सवाल उठने लगे हैं। खुले बाजारों में कथित तौर पर इन टिकटों की बिक्री की तस्वीरें सामने आने से इस पूरे कारोबार के नेटवर्क को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं।
स्थानीय चर्चाओं और सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, इस कथित कारोबार का दायरा जिले के कई इलाकों तक फैला हुआ बताया जा रहा है। सूत्रों के दावों में पाकुड़ के शामिश शेख तथा हिरणपुर के अमीर अंसारी और संदीप रक्षित के नाम भी सामने आ रहे हैं। हालांकि, इन व्यक्तियों की कथित भूमिका की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है और न ही पुलिस की ओर से इस संबंध में कोई आधिकारिक बयान सामने आया है। इसलिए इन नामों को फिलहाल अपुष्ट दावों के तौर पर ही देखा जाना चाहिए।
छपाई से लेकर बाजार तक कैसे पहुंच रहे टिकट?
इस पूरे मामले में सबसे बड़ा सवाल यह है कि आखिर इन लॉटरी टिकटों की छपाई कहां हो रही है? इन्हें छापने वाले कौन हैं? टिकटों की सप्लाई किस माध्यम से की जा रही है और जिले के अलग-अलग बाजारों में इनकी बिक्री कौन करवा रहा है?
अगर इन शिकायतों में सच्चाई है, तो यह केवल कुछ दुकानों तक सीमित मामला नहीं, बल्कि एक संगठित नेटवर्क का संकेत भी हो सकता है। ऐसे में छपाई के ठिकानों से लेकर सप्लाई चेन और बिक्री करने वालों तक की जांच बेहद जरूरी है।
पाकुड़, हिरणपुर और महेशपुर में विशेष जांच की मांग
कथित अवैध लॉटरी कारोबार को लेकर अब पुलिस प्रशासन से व्यापक जांच और प्रभावी कार्रवाई की मांग उठ रही है। स्थानीय स्तर पर यह सवाल भी पूछा जा रहा है कि यदि खुले बाजार में इस तरह के टिकटों की बिक्री हो रही है, तो अब तक इसकी रोकथाम के लिए क्या कदम उठाए गए हैं?
पुलिस प्रशासन से मांग की जा रही है कि संबंधित इलाकों में जांच अभियान चलाकर टिकटों के स्रोत, छपाई के ठिकानों, आपूर्ति करने वालों और बिक्री में शामिल लोगों की पहचान की जाए। साथ ही यह भी पता लगाया जाए कि कहीं इस कारोबार के पीछे कोई बड़ा नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है।
पुलिस प्रशासन के सामने पांच बड़े सवाल
कथित लॉटरी टिकटों की छपाई आखिर कहां हो रही है?
पाकुड़, हिरणपुर और महेशपुर में इनकी सप्लाई कौन कर रहा है?
इस कारोबार से जुड़े लोगों की पहचान के लिए क्या जांच की जा रही है?
क्या पूरे जिले में विशेष जांच अभियान चलाया जाएगा?
यदि अवैध कारोबार की पुष्टि होती है, तो जिम्मेदार लोगों पर कब कार्रवाई होगी?
अब कार्रवाई का इंतजार.
फिलहाल पाकुड़ जिले में कथित अवैध लॉटरी कारोबार को लेकर कई सवाल खड़े हैं। अब देखना होगा कि पुलिस प्रशासन इन शिकायतों को कितनी गंभीरता से लेता है और जांच के बाद इस कथित नेटवर्क की वास्तविकता सामने आती है या नहीं।
यदि जांच में अवैध कारोबार की पुष्टि होती है, तो इसमें शामिल सभी दोषियों के खिलाफ कानून के अनुसार सख्त कार्रवाई होनी चाहिए। साथ ही किसी भी व्यक्ति का नाम बिना ठोस प्रमाण के दोषी के रूप में प्रचारित नहीं किया जाना चाहिए।
खुले बाजार में कथित छपाई वाले लॉटरी टिकटों की बिक्री का आरोप, आखिर कौन चला रहा है यह पूरा खेल और किसकी शह पर फल-फूल रहा है कारोबार?
संवाददाता: सरोज झा, प्राइम टाइम न्यूज़, पाकुड़।











