पाकुड़ :- 4 जून: गुरुवार को अचानक आए तेज आंधी-तूफान, मूसलाधार बारिश और ओलावृष्टि ने पाकुड़ जिले में व्यापक तबाही मचा दी। मौसम के इस कहर से शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों तक जनजीवन बुरी तरह प्रभावित रहा। कई स्थानों पर मकानों को नुकसान पहुंचा, पेड़ उखड़ गए, बिजली के खंभे गिर पड़े और घंटों तक विद्युत आपूर्ति बाधित रही। तेज हवा के कारण लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा.
Edited By :- Shashi Kumar, Prime Time News Desk.

सबसे गंभीर स्थिति मालपहाड़ी रोड पर देखने को मिली, जहां तेज आंधी के चलते करीब 8 से 10 बिजली के खंभे गिर गए। खंभों और तारों के सड़क पर गिर जाने से यह महत्वपूर्ण अंतरराज्यीय मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया। सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई और लोगों को कई किलोमीटर तक पैदल चलकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा। जाम में फंसे यात्रियों, स्कूली बच्चों और स्थानीय लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा।

वहीं बड़ी अलीगंज हनुमान मंदिर के समीप एक विशाल बरगद के पेड़ की भारी टहनी टूटकर सड़क किनारे खड़ी गैस सिलिंडर लदी एक गाड़ी पर गिर गई। हादसे में वाहन क्षतिग्रस्त हो गया, हालांकि सौभाग्य से कोई जनहानि नहीं हुई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार यदि उस समय आसपास अधिक भीड़ होती तो बड़ा हादसा हो सकता था।
आंधी और बारिश के कारण जिले के कई इलाकों में पेड़ गिरने और मकानों की छत उड़ने की भी खबरें सामने आई हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में कच्चे मकानों को विशेष रूप से नुकसान पहुंचा है। कई परिवारों को अस्थायी रूप से सुरक्षित स्थानों पर जाना पड़ा। तेज हवाओं के साथ हुई ओलावृष्टि ने भी लोगों की परेशानी बढ़ा दी।
बिजली के खंभे गिरने से शहर और आसपास के कई इलाकों में घंटों तक बिजली आपूर्ति बाधित रही। बिजली विभाग की टीमें क्षतिग्रस्त पोल और तारों को दुरुस्त करने में जुटी रहीं। विभागीय अधिकारियों ने बताया कि प्रभावित क्षेत्रों में जल्द से जल्द बिजली बहाल करने का प्रयास किया जा रहा है।
घटना के बाद प्रशासनिक अधिकारियों ने विभिन्न प्रभावित क्षेत्रों का निरीक्षण कर नुकसान का आकलन शुरू कर दिया है। स्थानीय प्रशासन ने प्रभावित परिवारों को आवश्यक सहायता उपलब्ध कराने तथा सरकारी प्रावधानों के तहत राहत देने की प्रक्रिया शुरू करने की बात कही है।
स्थानीय लोगों ने प्रशासन और बिजली विभाग से मांग की है कि सड़क पर गिरे खंभों और पेड़ों को शीघ्र हटाकर यातायात सामान्य किया जाए तथा विद्युत आपूर्ति जल्द बहाल की जाए। लोगों का कहना है कि मौसम की मार से हुए नुकसान की भरपाई के लिए प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत उपलब्ध कराई जानी चाहिए।
तेज आंधी और बारिश ने एक बार फिर यह साबित कर दिया कि प्राकृतिक आपदाओं के दौरान त्वरित राहत एवं आपदा प्रबंधन की व्यवस्था कितनी महत्वपूर्ण है। फिलहाल प्रशासन और संबंधित विभाग हालात को सामान्य बनाने में जुटे हुए हैं।
Repoted By :- Saroj Jha, Prime Time News, Pakur.











